गोरखपुर के पीपीगंज क्षेत्र में रक्तवीर युवा क्लब गोरखपुर, बापू स्नातकोत्तर महाविद्यालय और इंडियन बैंक पीपीगंज के संयुक्त तत्वावधान में एक भव्य रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर बापू पी.जी. कॉलेज परिसर में संपन्न हुआ, जिसमें थैलेसीमिया, ब्लड कैंसर और अन्य गंभीर असाध्य रोगों से पीड़ित उन मरीजों की सहायता के लिए रक्त एकत्र किया गया, जिन्हें निरंतर रक्त की आवश्यकता रहती है। इस आयोजन में कुल 29 लोगों ने स्वेच्छा से रक्तदान कर मानवता की सेवा में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।
इस शिविर में स्थानीय युवाओं, कॉलेज के छात्र-छात्राओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। कई लोग कम हीमोग्लोबिन या कम वजन के कारण रक्तदान नहीं कर पाए, फिर भी उन्होंने शिविर में उपस्थित रहकर रक्तदान के महत्व को समझा और दूसरों को प्रेरित किया। कार्यक्रम का उद्देश्य केवल रक्त एकत्र करना ही नहीं था, बल्कि समाज में रक्तदान के प्रति जागरूकता फैलाना भी रहा।
रक्तदान करने वाले प्रत्येक रक्तदाता को मेडल और प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया, जिससे युवाओं का उत्साह और बढ़ा। इस अवसर पर रक्तवीर शिवांबुज पटेल, जो गोरखपुर में सीआईडी विभाग में कार्यरत हैं, ने इस आयोजन को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई। उन्होंने कहा, “एक यूनिट रक्तदान से हम तीन लोगों की जिंदगी बचा सकते हैं। यह मानव सेवा का सबसे बड़ा माध्यम है।”
वहीं, इंडियन बैंक पीपीगंज के प्रबंधक आमोद मिश्रा ने कहा कि यह रक्तदान शिविर न केवल जरूरतमंद मरीजों को रक्त उपलब्ध कराने में सहायक है, बल्कि समाज में एक सकारात्मक संदेश भी देता है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों से आमजन में सहयोग और संवेदनशीलता की भावना विकसित होती है।
रक्तवीर युवा क्लब के सदस्य रविन्द्र सिंह ने बताया कि उनकी संस्था पिछले पांच वर्षों से लगातार रक्तदान शिविर का आयोजन कर रही है। उन्होंने कहा कि क्लब का उद्देश्य जरूरतमंदों तक समय पर रक्त पहुंचाना और युवाओं को सामाजिक कार्यों से जोड़ना है। वहीं, बापू पी.जी. कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. मंजू मिश्रा ने सभी रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन किया और उन्हें मेडल देकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि युवाओं की भागीदारी समाज के लिए प्रेरणास्रोत है।
रक्तदाता आदर्श त्रिपाठी ने युवाओं से अपील की कि वे ऐसे सामाजिक कार्यक्रमों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें और मानव सेवा को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं। उन्होंने कहा कि रक्तदान से बड़ा कोई दान नहीं है, क्योंकि इससे किसी की जिंदगी बच सकती है।
शिविर में रक्तदाता आकाश मद्धेशिया, रिशु राव, कुमार गौरव, अमित सिंह, फखरे आलम सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे। इसके साथ ही बी.आर.डी. मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ ने भी शिविर में सहयोग किया। कॉलेज के स्टाफ, छात्र-छात्राएं और स्थानीय लोग भी बड़ी संख्या में मौजूद रहे, जिससे आयोजन को व्यापक समर्थन मिला।
इस शिविर की एक और विशेष उपलब्धि यह रही कि सेंटर फॉर साइट गोरखपुर द्वारा 125 छात्र-छात्राओं की निःशुल्क नेत्र जांच की गई। इस स्वास्थ्य सेवा से विद्यार्थियों को आंखों की जांच और आवश्यक परामर्श का लाभ मिला। सेंटर फॉर साइट के डॉ. श्रीकांत प्रसाद और डॉ. सुषमा चौरसिया ने भी रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन किया और उन्हें मेडल देकर सम्मानित किया।
कुल मिलाकर, यह रक्तदान शिविर न केवल जरूरतमंद मरीजों के लिए जीवनरक्षक साबित हुआ, बल्कि समाज में एक मजबूत संदेश भी लेकर आया कि यदि हर नागरिक आगे आए, तो किसी की भी जान बचाई जा सकती है। गोरखपुर पीपीगंज में आयोजित यह कार्यक्रम युवाओं की सामाजिक जागरूकता और सेवा भावना का उत्कृष्ट उदाहरण बना।
इस तरह के आयोजन यह साबित करते हैं कि जब सामाजिक संगठन, शैक्षणिक संस्थान और बैंक जैसी संस्थाएं मिलकर काम करती हैं, तो समाज के लिए बड़े और सकारात्मक परिणाम सामने आते हैं। रक्तदान जैसे पुनीत कार्य से न केवल मरीजों को नई जिंदगी मिलती है, बल्कि समाज में एकजुटता और सहयोग की भावना भी मजबूत होती है।
