गोरखपुर/ कैंसर के इलाज और देखभाल को लोगों के घर के करीब पहुंचाने के उद्देश्य से हनुमान प्रसाद पोद्दार कैंसर अस्पताल एवं शोध संस्थान, गीता वाटिका, गोरखपुर की ओर से मुख्य चिकित्सा अधिकारी, गोरखपुर के सहयोग से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जंगल कौड़िया में नि:शुल्क कैंसर प्राथमिक जांच एवं प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। बुधवार, 12 अगस्त 2026 को सुबह 10 बजे से शाम 3 बजे तक आयोजित शिविर में बड़ी संख्या में लोगों ने पहुंचकर स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की जांच कराई।

शिविर में कुल 124 मरीजों ने कैंसर अस्पताल के चिकित्सक डॉ. नरेंद्र बिरबिया और सहायक चिकित्सक डॉ. तरुण कांति राजन से परामर्श लिया। मरीजों ने मुंह, मसूड़ों, गले, फेफड़ों, स्तन और बच्चेदानी समेत शरीर के विभिन्न अंगों से जुड़ी समस्याओं की जानकारी चिकित्सकों को दी। विशेषज्ञों ने मरीजों की जांच कर कैंसर से संबंधित संभावित लक्षणों का आकलन किया। आवश्यकता के अनुसार मरीजों को नि:शुल्क दवाएं भी उपलब्ध कराई गईं।

कैंसर जागरूकता अभियान के तहत स्वास्थ्य केंद्र से जुड़े स्वास्थ्यकर्मियों, आशा संगिनी, आशा कार्यकर्ताओं और शिविर में पहुंचे लोगों को कैंसर के संभावित शुरुआती लक्षणों के बारे में जानकारी दी गई।
डॉ. तरुण कांति राजन ने बताया कि बिना किसी स्पष्ट कारण के वजन कम होना, लगातार दर्द रहना, शरीर में असामान्य गांठ महसूस होना, अत्यधिक थकान, त्वचा में बदलाव, नए तिल का बनना या पुराने तिल के आकार अथवा रंग में बदलाव जैसे लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए। इसके अलावा लगातार खांसी या आवाज बैठना, निगलने में परेशानी, असामान्य रक्तस्राव या डिस्चार्ज तथा मल-मूत्र की आदतों में बदलाव होने पर चिकित्सकीय परामर्श लेना जरूरी है।
उन्होंने लोगों से अपील की कि ऐसे लक्षण लगातार बने रहने पर समय गंवाए बिना विशेषज्ञ चिकित्सक से जांच कराएं, ताकि बीमारी का पता शुरुआती चरण में लगाया जा सके।
शिविर प्रबंधक अजय श्रीवास्तव ने कहा कि कैंसर के निदान में देरी होने से मरीजों के इलाज में कठिनाई बढ़ सकती है। इससे समय और आर्थिक संसाधनों पर भी अतिरिक्त दबाव पड़ता है। उन्होंने कहा कि समय पर जांच और उपचार से मरीजों के बेहतर इलाज की संभावना बढ़ती है तथा उपचार की अवधि और खर्च को कम करने में भी मदद मिल सकती है।
हनुमान प्रसाद पोद्दार कैंसर अस्पताल एवं शोध संस्थान की ओर से कैंसर की नि:शुल्क प्राथमिक जांच, प्रशिक्षण और जागरूकता शिविर लगातार आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों का उद्देश्य लोगों को कैंसर के कारणों, लक्षणों, बचाव, समय पर जांच और उपचार के प्रति जागरूक करना है।
शिविर में पहुंचे लोगों को कैंसर से संबंधित पत्रक, चित्रों और विवरण पुस्तिकाओं का वितरण किया गया। इसके माध्यम से लोगों को कैंसर की रोकथाम, संभावित लक्षण और समय पर चिकित्सकीय जांच के महत्व के बारे में जानकारी दी गई।
अस्पताल की कैंसर-सुरक्षा टीम जागरूकता वार्ता और स्वास्थ्य शिविरों के माध्यम से ग्रामीण एवं आमजन तक पहुंचकर विभिन्न प्रकार के कैंसर के प्रति जागरूकता फैलाने का प्रयास कर रही है।
शिविर को सफल बनाने में प्रभारी चिकित्सा अधीक्षक डॉ. उमेश गुप्ता, डॉ. तरुण कांति राजन, अजय श्रीवास्तव, रुचि, सत्यवती तिवारी, नारद मुनि, मंतोष बारी, बृजेश पाण्डेय सहित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सकों और कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
