उत्तर प्रदेश के गोरखपुर जनपद के पीपीगंज थाना क्षेत्र से नाबालिग बेटी के कथित अपहरण का मामला अब मुख्यमंत्री जनता दरबार तक पहुंच गया है। तीन माह बीत जाने के बावजूद 14 वर्षीय नाबालिग की बरामदगी न होने से पीड़ित परिवार बेहद परेशान है। न्याय की आस में पीड़ित पिता ने मुख्यमंत्री जनता दरबार में गुहार लगाते हुए त्वरित कार्रवाई की मांग की है।
पीड़ित पिता का आरोप है कि थाना पीपीगंज में मुकदमा दर्ज होने के बावजूद पुलिस अब तक उनकी पुत्री को खोजने में सफल नहीं हो सकी है। उनका कहना है कि लगातार प्रयासों और अधिकारियों से मुलाकात के बाद भी कोई ठोस परिणाम सामने नहीं आया।
पीड़ित पिता के अनुसार, क्षेत्र का रहने वाला आरोपी सुधीर चौहान पिछले दो महीनों से उनकी बेटी को परेशान कर रहा था। आरोप है कि 14 नवंबर 2025 को लगभग 12:30 बजे दिन में आरोपी उनकी 14 वर्षीय नाबालिग पुत्री को बहला-फुसलाकर अपने साथ ले गया।
काफी तलाश के बाद जब बेटी का कोई सुराग नहीं मिला तो 15 नवंबर 2025 को थाना पीपीगंज में मुकदमा दर्ज कराया गया। पिता का कहना है कि मुकदमा पंजीकृत होने के बाद भी पुलिस की ओर से अपेक्षित सक्रियता नहीं दिखाई गई।
पीड़ित का कहना है कि दो महीने से अधिक समय बीत जाने के बावजूद पुलिस नाबालिग लड़की की बरामदगी नहीं कर सकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि केवल मुकदमा दर्ज कर लेने से पुलिस अपनी जिम्मेदारी पूरी नहीं कर सकती।
पीड़ित पिता पिछले तीन महीनों से लगातार थाने और अधिकारियों के चक्कर लगा रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री और पुलिस कप्तान से भी मुलाकात की, लेकिन अब तक ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इस कारण वे बेहद निराश और चिंतित हैं।
मामले में एक नया मोड़ तब आया जब पीड़ित ने आरोप लगाया कि 17 जनवरी 2026 की सुबह कुछ लोग उनके घर पहुंचे और सुलह का दबाव बनाने लगे। विरोध करने पर कथित रूप से धमकियां दी गईं।
पीड़ित पिता ने आशंका जताई है कि उनकी पुत्री के साथ कोई अनहोनी न हो गई हो। उन्होंने प्रशासन से सुरक्षा और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पीड़ित परिवार ने न्याय की उम्मीद में आईजीआरएस पोर्टल के माध्यम से भी शिकायत दर्ज कराई है। साथ ही उच्चाधिकारियों को प्रार्थना पत्र भेजा गया, लेकिन अब तक कोई संतोषजनक कार्रवाई सामने नहीं आई।
पिता का कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो स्थिति और गंभीर हो सकती है। उन्होंने संबंधित आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और बेटी की सकुशल बरामदगी की मांग की है।
पीपीगंज क्षेत्र में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नाबालिगों से जुड़े मामलों में त्वरित और सख्त कार्रवाई बेहद जरूरी है। समाज के लोगों ने प्रशासन से अपेक्षा की है कि ऐसे मामलों में संवेदनशीलता और तेजी दिखाई जाए।
